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खनन कार्यों में स्थानीय नागरिकों की उपेक्षा पर भड़का आक्रोश, एसडीएम से मिला प्रतिनिधिमंडल, तहसील परिसर पर अनशन की चेतावनी

सीएनई रिपोर्टर, कोश्याकुटोली

खनन व रिवर ट्रेनिंग के पट्टे आबंटन में स्थानीय नागरिकों की उपेक्षा से गुस्साये बेतालघाट के नागरिकों ने आज एसडीएम कोश्याकुटोली से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने क्षेत्र में हो रहे अवैध खनन की शिकायत भी की। साथ ही चेतावनी दी कि अगर बेतालघाट में हुए टेंडरों को निरस्त नही किया तो समस्त क्षेत्रवासी तहसील परिसर में अनशन पर बैठ जायेगे।
प्रतिनिधिमंडल ने एसडीएम को सौंपे ज्ञापन में कहा कि बेतालघाट में समय—समय पर खनन पट्ट व रिवर ट्रेनिंग पट्टे आबंटित किये जाते हैं। जिसमें अवैध रूप से भी खनन किया जाता है। इस खनन कार्य से बेतालघाट क्षेत्रवासी सबसे ज्यादा परेशान रहते हैं। गत 5 व 6 फरवरी को तीन विज्ञप्ति इस संबंध में जारी हुई थी। जिसके बाद 15 फरवरी को एक शुद्धि पत्र यह कहकर निकाला गया कि स्थानीय स्टोन क्रेशरों द्वारा अनुबन्ध पत्र देने पर ही टेंडर में प्रतिभाग करने दिया जायेगा। जिसमें क्षेत्र के स्टोन क्रेशरों द्वारा आपस में एक—दूसरे को अनुबन्ध दिया गया। अन्य किसी स्थानीय व्यक्ति को अनुबन्ध नही दिया गया। जिससे क्षेत्रीय लोगों में रोष है। उन्होंने एसडीएम से मांग करी कि 24 फरवरी को तहसील बेतालघाट में आयोजित टेंडर को ​यदि निरस्त नही किया गया तो क्षेत्रीय जनता द्वारा तहसील परिसर में आंदोलन किया जायेगा। जिसके तहत सभी लोग अनशन शुरू कर देंगे। ज्ञापन में अध्यक्ष वन परामर्शदायी समिति बेतालघाट प्रदीप पंत, दीपक पांडे, राजेंद्र सिंह, महेंद्र सिंह, नंदी खुल्बे, सीमा तिवारी, जानकी लोहिया, संजय शर्मा, हरीश पांडे, शेखर चंद्र, केवल सिंह, सरिता जोशी आदि स्थानीय नागरिक व पंचायत प्रतिनिधि मौजूद थे।

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