अपराधउत्तराखंडऊधमसिंह नगरब्रेकिंग न्यूज

ब्रेकिंग न्यूज : 2016 में बंद हो चुके 1000 व 500 के नोटों को बदलने के नाम पर धोखाधड़ी, पांच गिरफ्तार

रुद्रपुर। संदिग्धों के खिलाफ चलाये जा रहे अभियान के तहत पुलिस को आज बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने दो कारों में चलन से बाहर हो चुके एक हजार रुपये के पुराने नोटों का जखीरा बरामद करते हुए मामले में पांच लोगों को गिरफ्तार कर लिया। ये लोग पुराने नोटों के बदले नये नोट लेने आये थे। तभी ये पुलिस के हत्थे चढ़ गये।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर संदिग्धों के खिलाफ चलाये जा रहे अभियान के तहत पुलिस क्षेत्रधिकारी खटीमा के दिशा-निर्देशन में खटीमा पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर मझौला सत्रह मील चौक के पास सेंट्रो कार और क्रेटा कार को रोककर वाहन की तलाशी ली तो दोनों कारों से 37 बंडल भारतीय विमुद्रीकृत मुद्रा जो चलन में नहीं है। जिसमें एक-एक हजार के नोट थे। जिसमें प्रथम व आखिरी नोट कूट रचित है एवं बीच में नोटों के आकार के सफेद कागज लगाये गये थे। इसके अलावा एक-एक हजार के 22 नोट जो चलन में नहीं है के अलावा एक सूटकेस से 1000 के नोटों की 32 गड्डियां बरामद की गयी। पकड़े गए लोगों के नाम प्रफुल्ल प्रधान, मुकेश कुमार, शशि कुमार, कर्मवीर, दीपक कुमार बताए गए है।

पूछताछ करने पर इन लोगों ने बताया कि वह लोग नोटों को वर्तमान मुद्रा से बदलने के लिये खटीमा, टनकपुर, बनबसा आते हैं। आरोपियों ने बताया कि नेपाल में भारतीय विमुद्रीकृत मुद्रा चलती है एवं लोगों को ये पैसे दिखकर बदलने को बताकर उनके पास मौजूद वर्तमान मुद्रा लेकर वह फरार हो जाते हैं।

बता दें भारत सरकार द्वारा जो नोट वर्ष 2016 में बन्द कर दिये गये है, उन नोटों की कूटरचना करना व कब्जे में रचना गम्भीर प्रवृत्ति का अपराध है। अभियुक्तगणों से बरामद कूटरचित मुद्रा के बण्डलों व बरामद मुद्रा जो चलन में नहीं है, के आधार पर उनके विरूद्ध अभियोग पंजीकृत किया गया और अभियुक्तगणों को न्यायालय के समक्ष पेश करने के बाद जेल भेजने की तैयारी की जा रही है।

पकड़ने वाली टीम में खटीमा कोतवाल संजय पाठक, एसएसआई भुवन चन्द्र जोशी, उपनिरीक्षक ललित मोहन रावल, बबीता, होशियार सिंह, जगत सिंह शाही, कांस्टेबल महेन्द्र डंगवाल, अनिल भारती, नवीन, सतीश भटट, दिनेश पपोला, भरत सिंह, विपिन सिंह, महेन्द्र सिंह आदि शामिल थे।

Leave a Comment!

error: Content is protected !!