CNE REPORTER

यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन्स (UFBU) के आह्वान पर बैंकों के निजीकरण और बैंकिंग कानून संशोधन विधेयक 2021 के विरोध में देश व प्रदेश के तमाम बैंक कर्मी 16 व 17 दिसंबर को दो दिवसीय हड़ताल पर रहेंगे। संगठन ने इससे पूर्व 3 दिसंबर से चरणबद्ध आंदोलन का भी ऐलान भी कर दिया है।

अखिल भारतीय स्टेट बैंक ऑफ इंडिया स्टाफ फेडरेशन के महासचिव संजीव के. बंदलीश की ओर से भी चरणबद्ध आंदोलन की सूचना दी गई है। वहीं यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन्स (UFBU) की उत्तराखंड ईकाई ने प्रस्तावित विरोध की रूपरेखा तय कर ली है। संगठन का कहना है कि केंद्र सरकार की ओर से इसी शीतकालीन सत्र में बैंकिंग अधिनियमों में परिवर्तन कर सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों का निजीकरण करने का प्रयास किया जा रहा है। सरकार की इस मंशा का बैंक कर्मचारी सख्त विरोध करते हैं। कहा कि एक ओर सरकार की सरपरस्ती में कॉर्पोरेट पूँजीपतियों के लाखों-करोड़ों के ऋणों को हर वर्ष माफ किया जा रहा है, जिससे बैंकों की लाभप्रदता पर बुरा प्रभाव पड़ रहा है, वहीं, दूसरी ओर लाभ में चलने और देश के आम नागरिकों को सस्ती बैंकिंग सेवाएँ देने वाले सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों को इन्हीं कॉर्पोरेट पूँजीपतियों को बेचने की मुहिम को आगे बढ़ाया जा रहा है, जो आम नागरिकों को आसानी से सुलभ बैंकिंग सुविधाओं से तो वंचित करेगा ही। साथ ही बैंकों में रोजगार और सेवा शर्तों में भी कटौती करेगा।


संगठन के पदाधिकारियों ने कहा कि देश की आर्थिक सुरक्षा के लिए मजबूत और जन सुलभ सार्वजनिक बैंकिंग प्रणाली का होना अत्यावश्यक है। यदि सरकार अपने कदम वापस नहीं करती है तो बैंककर्मी 16-17 दिसम्बर 2021 की देशव्यापी हड़ताल के बाद लंबी हड़ताल पर जाने को मजबूर होंगे।

यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन्स ने विचार-विमर्श के बाद, चरणबद्ध आंदोलन का कार्यक्रम तैयार किए गए हैं। जिसके तहत —

  • 3 दिसंबर, 2021 को UFBU द्वारा संसद के सभी सदस्यों को याचिका दी जायेगी।
  • 4 दिसंबर, 2021 सभी राज्यों की राजधानियों में धरना और व्यापक प्रदर्शन किया जायेगा।
  • इसके बाद जिस दिन विधेयक पेश किया जायेगा, उस दिवस पर संसद मार्च व प्रदर्शन किया जायेगा।
  • 7 दिसंबर, 2021 को सभी जिला और नगर केंद्रों में प्रदर्शन किया जायेगा।
  • 8 दिसंबर, 2021 सभी राज्यों की राजधानियों में प्रदर्शन होगा।
  • 9 दिसंबर, 2021 को बैंक कर्मी काला बिल्ला पहने हुए विरोध दर्ज करेंगे।
  • 10 दिसंबर, 2021 को ट्विटर अभियान चलाया जायेगा।
  • 13 दिसंबर, 2021 को भी सभी राज्यों की राजधानियों में विरोध—प्रदर्शन होगा।
  • 14 दिसंबर, 2021 के दिन प्रधानमंत्री को ऑनलाइन याचिका प्रस्तुत की जायेगी।
  • 15 दिसंबर, 2021 सभी राज्यों की राजधानियों में प्रेस मीट के बाद सभी बैंक शाखाओं में प्रदर्शन व रैली निकाली जायेगी।
  • 16 और 17 दिसंबर, 2021 को दो दिवसीय हड़ताल रहेगी।

इसके बाद परिस्थितियों को देखते हुए अग्रिम कार्रवाई पर विचार किया जायेगा।

- Advertisement -

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here